बरसात बनी आफत! पहाड़ों से मैदान तक जलप्रलय जैसे हालात, प्रशासन मुस्तैद
उत्तर भारत में अब मानसून जमकर बरस रहा है। मौसम विज्ञान विभाग (आइएमडी) ने कहा कि हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और राजस्थान में अगले कई दिनों में बहुत भारी बारिश की संभावना है। इस अवधि के दौरान उत्तर-पश्चिम, मध्य और पूर्वी भारत के कई हिस्सों में मानसून सक्रिय रहेगा।
इन राज्यों में होगी भारी बारिश
आइएमडी ने बताया, मध्य प्रदेश, विदर्भ, छत्तीसगढ़, बिहार, बंगाल, सिक्किम और झारखंड में अत्यधिक बारिश की संभावना है। मध्य प्रदेश, झारखंड और ओडिशा में कुछ दिनों में भी भारी बारिश हो सकती है।
महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों पर होगी खास नजर
आइएमडी के महानिदेशक मृत्युंजय महापात्र ने एक प्रेस वार्ता में मौसम की गंभीरता को लेकर कहा कि मध्य भारत और इससे सटे दक्षिणी प्रायद्वीप में भारी वर्षा होने की संभावना है।
इसमें पूर्वी मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, ओडिशा, विदर्भ और तेलंगाना के निकटवर्ती क्षेत्र तथा गुजरात और महाराष्ट्र के कुछ हिस्से शामिल हैं।उन्होंने कहा, हमें गोदावरी, महानदी और कृष्णा जैसी नदियों के जलग्रहण क्षेत्रों पर नजर रखनी चाहिए।
हिमाचल प्रदेश में बादल फटने से मची तबाही
हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में 30 जून की रात बादल फटने से हुई भारी तबाही के बीच राहत कार्यों में जुटी टीमों को बुधवार को पांच और शव मिले हैं। प्राकृतिक आपदा में अब तक 15 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 58 लापता हैं। सबसे अधिक प्रभावित सराज क्षेत्र में 46 लोग लापता हैं।
थुनाग, पांडवशिला व जरोल क्षेत्र से चार शव बरामद किए गए हैं। गोहर उपमंडल के स्यांज गांव से लापता नौ वर्षीय कनिका का शव जोगेंद्रनगर में ब्यास नदी के किनारे मिला।
यमुनोत्री हाईवे रहा बंद
उत्तराखंड में चारधाम और आदि कैलास यात्रा मार्ग पर बुधवार को आंशिक बादल मंडराते रहे और कहीं-कहीं हल्की वर्षा भी दर्ज की गई। चीन सीमा से सटे धापा-मिलम मोटर मार्ग पर बुधवार को चट्टान दरकने से सड़क बोल्डरों से पट गई।
इसके चलते करीब दो घंटे तक आवागमन ठप रहा। वहीं, यमुनोत्री हाईवे बुधवार को चौथे दिन भी बंद रहा। ओजरी के पास सड़क का 15 मीटर हिस्सा बहने से वाहनों की आवाजाही ठप है।
सांगला घाटी में बादल फटने से बढ़ा जलस्तर
किन्नौर जिले की सांगला वैली के रकछम के सामने वाली पहाड़ी में मंगलवार देर शाम बादल फटने से नाले में जलस्तर बढ़ गया। शिमला-रिकांगपिओ राष्ट्रीय राजमार्ग मंगलवार रात भूस्खलन व बुधवार सुबह पुरबनी झूला के पास पहाड़ी से मलबा गिरने से सात घंटे तक बंद रहा। बाद में बीआरओ ने मार्ग बहाल कर दिया।
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